अगर आपकी कंपनी आपकी सैलरी से आपका पीएफ यानी प्रोविडेंट फंड काटती है, तो आपके लिए अच्छी खबर है। अब आपके लिए पीएफ का पैसा निकालना आसान बना दिया गया है। अब आप पीएफ का पैसा निकालने के लिए बिना अपने नियोक्ता के सत्यापन के ही अर्जी दे सकते हैं। अब तक नियोक्ता का सत्यापन अनिवार्य था। कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) ने पीएफ निकासी दावों के ऑनलाइन निपटान की दिशा में एक कदम और बढ़ाते हुए इसकी मंजूरी दी।
मौजूदा व्यवस्था के तहत अंशधारकों को पीएफ निकासी संबंधी अपने दावे अपने मौजूदा या पूर्व नियोक्ता के जरिए खुद जमा कराने होते हैं। इस उद्देश्य के लिए आवेदन फॉर्म का सत्यापन अनिवार्य है।
किसके लिए सुविधा:
लेकिन, ये सुविधा हर पीएफ होल्डर के लिए नहीं है। यह सुविधा उन अंशधारकों के लिए होगी जिनका यूनिवर्सल या पोर्टेबल पीएफ खाता संख्या (यूएएन) सक्रिय हो चुका है और जिसके लिए बैंक खाता और आधार संख्या जैसी जानकारी दी जा चुकी है।
ईपीएफओ के कार्यालयी आदेश में कहा गया है कि कर्मचारी अपने दावे फॉर्म-19, फॉर्म -आईओसी व फॉर्म 31 में दाखिल कर सकते हैं।
मौजूदा व्यवस्था के तहत अंशधारकों को पीएफ निकासी संबंधी अपने दावे अपने मौजूदा या पूर्व नियोक्ता के जरिए खुद जमा कराने होते हैं। इस उद्देश्य के लिए आवेदन फॉर्म का सत्यापन अनिवार्य है।
किसके लिए सुविधा:
लेकिन, ये सुविधा हर पीएफ होल्डर के लिए नहीं है। यह सुविधा उन अंशधारकों के लिए होगी जिनका यूनिवर्सल या पोर्टेबल पीएफ खाता संख्या (यूएएन) सक्रिय हो चुका है और जिसके लिए बैंक खाता और आधार संख्या जैसी जानकारी दी जा चुकी है।
ईपीएफओ के कार्यालयी आदेश में कहा गया है कि कर्मचारी अपने दावे फॉर्म-19, फॉर्म -आईओसी व फॉर्म 31 में दाखिल कर सकते हैं।

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