सोना और चांदी अगले हफ्ते महत्वपूर्ण मोड़ पर हैं। निवेशक मुख्य रूप से जुलाई की PCE मुद्रास्फीति के आंकड़ों और फेडरल रिजर्व चेयरमैन केविन वॉर्श के जैक्सन होल भाषण पर नजरें गड़ाए हुए हैं। ये दोनों घटनाएं प्रेशस मेटल्स मार्केट में उतार-चढ़ाव ला सकती हैं।
इस हफ्ते बुलियन कीमतों में तेज उछाल देखा गया। कमजोर अमेरिकी डॉलर, सितंबर में संभावित फेडरल रिजर्व रेट हाइक की उम्मीदों में कमी और अमेरिकी वित्तीय स्थिति को लेकर चिंताओं ने सोने और चांदी को सहारा दिया। बुधवार को ट्रेजरी बायबैक घोषणा के बाद सोना 4500 डॉलर प्रति औंस के ऊपर निकल गया और शुक्रवार दोपहर तक 4600 डॉलर से ऊपर ट्रेड कर रहा था। चांदी भी 69 डॉलर प्रति औंस के ऊपर बनी रही और 70 डॉलर के स्तर को छू गई।
अगले हफ्ते का आर्थिक कैलेंडर उपभोक्ता विश्वास, हाउसिंग, मुद्रास्फीति और आर्थिक वृद्धि के नए आंकड़े लेकर आएगा। शुक्रवार को जैक्सन होल सिंपोजियम में फेडरल रिजर्व चेयरमैन केविन वॉर्श का भाषण सबसे महत्वपूर्ण घटना होगी। यह भाषण बताएगा कि नए चेयरमैन लगातार मुद्रास्फीति और श्रम बाजार में कमजोरी के संकेतों को कैसे तौल रहे हैं।
अगले हफ्ते के मुख्य आंकड़े
मंगलवार:** कॉन्फ्रेंस बोर्ड कंज्यूमर कॉन्फिडेंस इंडेक्स और न्यू होम सेल्स
ऊंची ब्याज दरों और लगातार महंगाई का परिवारों पर असर इन आंकड़ों से पता चलेगा। कमजोरी सितंबर में रेट्स होल्ड रहने की उम्मीद बढ़ा सकती है।
बुधवार:** कोर PCE प्राइस इंडेक्स, दूसरी तिमाही GDP का दूसरा अनुमान और ड्यूरेबल गुड्स ऑर्डर्स
कोर PCE फेडरल रिजर्व की पसंदीदा मुद्रास्फीति माप है। नरम आंकड़े नीति निर्माताओं को धैर्य रखने का मौका दे सकते हैं। GDP में संशोधन और बिजनेस इनवेस्टमेंट के संकेत भी महत्वपूर्ण होंगे।
गुरुवार:** साप्ताहिक जॉबलेस क्लेम्स
श्रम बाजार की हालत का ताजा संकेत मिलेगा।
शुक्रवार:** फेडरल रिजर्व चेयरमैन वॉर्श का जैक्सन होल भाषण, नॉनफार्म पेरोल का प्रीलिमिनरी वार्षिक रिवीजन और यूनिवर्सिटी ऑफ मिशिगन का फाइनल कंज्यूमर सेंटीमेंट
भाषण सितंबर FOMC मीटिंग से पहले सबसे साफ संकेत दे सकता है। पेरोल रिवीजन रोजगार आंकड़ों की सही तस्वीर दिखाएगा।
प्रेशस मेटल्स पर असर
अगले हफ्ते के आंकड़े मुख्य रूप से फेडरल रिजर्व नीति के नजरिए से देखे जाएंगे। नरम मुद्रास्फीति, कमजोर उपभोक्ता आंकड़े या पेरोल में गिरावट रेट्स अपरिवर्तित रहने की उम्मीद मजबूत कर सकती है और सोने को और सहारा दे सकती है। मजबूत ग्रोथ डेटा, लगातार महंगाई या वॉर्श का हॉकिश संदेश रेट हाइक की उम्मीदें फिर जगा सकता है और अल्पकाल में सोना-चांदी पर दबाव डाल सकता है।
वर्तमान में सोना ऐतिहासिक ऊंचाई के करीब ट्रेड कर रहा है। कमजोर डॉलर और फिस्कल चिंताओं ने इसे मजबूत किया है। निवेशकों को सलाह है कि वे इन महत्वपूर्ण आंकड़ों और भाषण पर नजर रखें। बाजार में अस्थिरता की संभावना है, इसलिए अपनी जोखिम क्षमता के अनुसार ही निवेश निर्णय लें।
नोट: यह लेख सामान्य जानकारी के लिए है। निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से परामर्श जरूर करें। बाजार जोखिम भरा होता है और पिछले प्रदर्शन भविष्य की गारंटी नहीं होते।
स्रोत आधारित: Kitco News रिपोर्ट (21 अगस्त 2026)
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